आज हम इस लेख में आपको भारत में धान का कटोरा कहे जाने वाले और अपनी विशिष्ट तथा अद्भुत संस्कृति के लिए जानी जाने वाली एक राज्य छत्तीसगढ़ की भाषा छत्तीसगढ़ी में प्रयुक्त मुहावरों का हिंदी अर्थ बताने जा रहे हैं।

यह भाषा अपने आप में अद्भुत है, कोमलता और सौम्यता से परिपूर्ण इस भाषा को समझना, इसके अंदर छिपे भावों को समझना मेरे लिए अत्यंत रोचक रहा है। यह भाषा न सिर्फ एक भाषा है वरण यह छत्तीसगढ़ के लोगों की संस्कार , विविधता को अपने अंदर समेटे हुए है।

छत्तीसगढ़ी भाषा में प्रयुक्त मुहावरे और उनका हिंदी अर्थ

मुहावरा                             हििंदी अर्थ 

अंगठा छाप          -     निरक्षर

अंगठा दिखाना    - धोखा देना 

अंगरी फोरना      - ईर्ष्या करना

अंचरा मारना       - टोना करना

अंजोरी पाख आना   - अच्छे दिन आना

अंतास फटना        - दिल टूटना

अक्कल बांटना    - उपाय बताना

अघा जाना        - तृप्त होना

अटकर पांचे       - अनुमान से

अथान डारना    - सुरक्षित रखना

आंखी करूवाना   - नींद आना

आंखी के आघू     - सामने

आंखी गड़ना        - लालच लगना

आंखी तरेरना       - गुस्सा करना

आंखी लडेरना      - मृत्यु होना

आगी खाना         - गुस्सा पी जाना

आसन डोलना    - विचलित होना

ईमान डोलना      - नियतखोर होना

ऊपर चल देना     - मर जाना

एक ला दू बताना     - बढ़ा चढ़ाकर बोलना

ओंडा देना          - डटे रहना

ओली भरना       - आशीष देना

कठवा के बईला    - मूर्ख

करम के रेख      - भाग्य का लिखा

करम ठठाना     - भाग्य को कोसना

करेजा करियाना   - कपटी होना

कान तीपना       - सचेत होना

किरिया पारना    - कसम खाना

कुकरी उड़ान      - थोड़ी ही दूर

कुकुर के पूछी होना - जिद्दी होना

कुकुर बिलई कस होना  - दर दर भटकना

कुरिया धरना      - अस्वस्थ होना

कुला दुवारी होना    - पास में होना

कोदो दरना        - व्यर्थ समय खोना

खटिया उठना     - मृत्यु होना

खटिया धरना    - बीमार होना